यूपी के 3.82 करोड़ बिजली उपभोक्ताओं को दिवाली पर राहत की उम्मीद, नवंबर में 9% से ज्यादा घट सकता है बिल
लखनऊ: उत्तर प्रदेश के बिजली उपभोक्ताओं को दिवाली के मौके पर बड़ी राहत मिलने की संभावना है। नवंबर में जारी होने वाले बिजली बिल में 9 प्रतिशत से अधिक की कमी हो सकती है। ईंधन अधिभार शुल्क में गिरावट के चलते प्रदेश के करीब 3.82 करोड़ उपभोक्ताओं को इसका लाभ मिलने की उम्मीद है। हालांकि, बिल में वास्तविक कटौती कितनी होगी, यह पावर कारपोरेशन प्रबंधन के आधिकारिक आदेश के बाद ही स्पष्ट होगा।
लगातार पांचवें महीने मिल सकती है राहत
बिजली बिल में कटौती का सिलसिला जुलाई से जारी है। जून में उपभोक्ताओं से 10 प्रतिशत अतिरिक्त ईंधन अधिभार शुल्क लिया गया था। इसके बाद जुलाई में बिजली बिल में 4.43 प्रतिशत, अगस्त में 2.92 प्रतिशत, सितंबर में 7.93 प्रतिशत और अक्टूबर में 5.24 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई। अब नवंबर में नौ प्रतिशत से अधिक की राहत मिलने का अनुमान है।
ईंधन अधिभार शुल्क में कमी से मिलेगा फायदा
बिजली बिल में संभावित कटौती एफपीपीसीए यानी ईंधन एवं बिजली खरीद लागत समायोजन के तहत अगस्त महीने के ईंधन अधिभार शुल्क में आई कमी के आधार पर होगी। इससे सभी श्रेणियों के बिजली उपभोक्ताओं को लाभ मिलने की उम्मीद है। पावर कारपोरेशन प्रबंधन इस संबंध में जल्द ही आदेश जारी करने की तैयारी कर रहा है।
विद्युत नियामक आयोग के रुख के बाद लगातार राहत
जून में 10 प्रतिशत ईंधन अधिभार शुल्क वसूले जाने के बाद विद्युत नियामक आयोग ने इस मामले पर कड़ा रुख अपनाया था। इसके बाद से उपभोक्ताओं को लगातार राहत मिल रही है। बिजली खरीद की वास्तविक लागत में कमी का लाभ उपभोक्ताओं तक पहुंचाने और शुल्क की गणना में पारदर्शिता सुनिश्चित करने का मुद्दा उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद ने भी उठाया था।
आधिकारिक आदेश के बाद साफ होगी बिल में कटौती
उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद के अध्यक्ष अवधेश कुमार वर्मा का अनुमान है कि जुलाई से जारी राहत नवंबर में भी बनी रहेगी। उनके मुताबिक, बिजली बिल में करीब नौ प्रतिशत या उससे अधिक की कमी हो सकती है। हालांकि, उपभोक्ताओं को मिलने वाली वास्तविक राहत की पुष्टि पावर कारपोरेशन प्रबंधन की ओर से आदेश जारी होने के बाद ही होगी।
