पुरुषों में हार्ट अटैक का खतरा क्यों होता है ज्यादा? जानिए कौन-सी आदतें बढ़ा रही हैं दिल की बीमारी का जोखिम

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नई दिल्ली: बदलती जीवनशैली और असंतुलित खानपान के बीच हृदय रोग तेजी से लोगों को अपनी चपेट में ले रहे हैं। कम उम्र में भी हार्ट अटैक और कार्डियक अरेस्ट के मामलों में बढ़ोतरी देखी जा रही है। विशेषज्ञों के अनुसार, महिलाओं की तुलना में पुरुषों में हार्ट अटैक का खतरा अधिक होता है। इसकी वजह केवल खराब लाइफस्टाइल नहीं, बल्कि दोनों की शारीरिक बनावट और हार्मोनल अंतर भी माने जाते हैं।

पुरुषों और महिलाओं के हृदय की संरचना में अंतर होता है। पुरुषों का दिल आकार में अपेक्षाकृत बड़ा होता है और उनकी रक्त वाहिकाओं की बनावट भी अलग होती है। वहीं महिलाओं का हृदय अपेक्षाकृत तेज गति से रक्त पंप करता है। तनाव की स्थिति में महिलाओं की पल्स रेट बढ़ जाती है, जबकि पुरुषों में हृदय की धमनियां सिकुड़ सकती हैं, जिससे रक्तचाप बढ़ने का जोखिम रहता है।

हाई कोलेस्ट्रॉल बढ़ाता है खतरा

हृदय रोगों की प्रमुख वजहों में हाई कोलेस्ट्रॉल शामिल है। जब धमनियों में कोलेस्ट्रॉल जमा होकर प्लाक का रूप ले लेता है, तो रक्त प्रवाह प्रभावित होने लगता है। पुरुषों में यह जमाव अक्सर बड़ी धमनियों में होता है, जो हृदय तक रक्त पहुंचाने का काम करती हैं। इससे हृदय संबंधी बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है।

शारीरिक गतिविधि की कमी

विशेषज्ञों के अनुसार, कई पुरुषों की दिनचर्या लंबे समय तक बैठकर काम करने वाली होती है। कार्यालय में लगातार बैठना, वाहन का अधिक उपयोग और नियमित व्यायाम की कमी शरीर की सक्रियता को घटा देती है। यही आदतें हृदय रोगों का जोखिम बढ़ाने वाले प्रमुख कारणों में शामिल हैं।

हाई ब्लड प्रेशर भी है बड़ा कारण

उच्च रक्तचाप हार्ट अटैक और स्ट्रोक का प्रमुख जोखिम कारक माना जाता है। महिलाओं और पुरुषों में रक्तचाप का स्वरूप अलग हो सकता है। युवा पुरुषों में सिस्टोलिक ब्लड प्रेशर अपेक्षाकृत अधिक रहने की संभावना रहती है, जो आगे चलकर हाइपरटेंशन और हृदय रोगों की वजह बन सकता है।

टेस्टोस्टेरोन का कम स्तर

टेस्टोस्टेरोन हार्मोन केवल शारीरिक क्षमता से ही नहीं, बल्कि हृदय स्वास्थ्य से भी जुड़ा माना जाता है। इसका स्तर कम होने पर हाई ब्लड प्रेशर, बढ़ा हुआ ब्लड शुगर और खराब कोलेस्ट्रॉल जैसी समस्याओं का खतरा बढ़ सकता है। यही स्थितियां आगे चलकर हृदय संबंधी बीमारियों का कारण बन सकती हैं।

धूम्रपान और शराब का सेवन

धूम्रपान और शराब का अधिक सेवन भी पुरुषों में हृदय रोगों का बड़ा कारण माना जाता है। भारत जैसे देशों में इन आदतों का प्रचलन पुरुषों में महिलाओं की तुलना में अधिक है। तंबाकू और शराब का लगातार सेवन धमनियों को नुकसान पहुंचा सकता है और हार्ट अटैक का जोखिम बढ़ा सकता है।

 

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