UP में मौसम का महाकहर: आंधी, बारिश और बिजली गिरने से 89 मौतें, CM योगी बोले- पीड़ितों की अनदेखी बिल्कुल बर्दाश्त नहीं
लखनऊ: उत्तर प्रदेश में आंधी, तेज बारिश और आकाशीय बिजली ने भारी तबाही मचा दी है। बीती रात आए भीषण मौसमीय संकट में अब तक 89 लोगों की मौत हो चुकी है। प्रयागराज, भदोही, फतेहपुर, कानपुर देहात समेत कई जिलों से बड़े नुकसान की खबरें सामने आई हैं। खराब मौसम के कारण कई मकान ढह गए, पेड़ उखड़ गए और फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है।
प्रदेश में बढ़ते नुकसान और लगातार सामने आ रही मौतों की खबरों के बीच मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हालात पर सख्त रुख अपनाया है। उन्होंने अधिकारियों को राहत और बचाव कार्य में किसी भी तरह की लापरवाही न बरतने के निर्देश दिए हैं।
‘पीड़ितों की अनदेखी नहीं होगी बर्दाश्त’
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने साफ शब्दों में कहा है कि आपदा प्रभावित लोगों की अनदेखी किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने सभी जिलाधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे खुद मैदान में उतरें और प्रभावित परिवारों से मुलाकात कर उन्हें तत्काल राहत उपलब्ध कराएं।
सीएम योगी ने आदेश दिया है कि जनहानि, पशुहानि और संपत्ति नुकसान का तुरंत आकलन किया जाए और पीड़ितों को 24 घंटे के भीतर मुआवजा उपलब्ध कराया जाए।
राहत और बचाव कार्य युद्धस्तर पर जारी
मुख्यमंत्री के निर्देशों के बाद राहत आयुक्त कार्यालय लगातार सभी जिलों की स्थिति पर नजर बनाए हुए है। प्रशासनिक अधिकारियों और वरिष्ठ अफसरों को अलर्ट मोड पर रखा गया है।
सरकार की ओर से कहा गया है कि प्रभावित इलाकों में राहत और बचाव कार्य तेजी से चलाया जा रहा है। कई जिलों में सीनियर अधिकारियों को मौके पर भेजा गया है ताकि रेस्क्यू ऑपरेशन की निगरानी की जा सके और राहत सामग्री समय पर पहुंचाई जा सके।
मकान, फसल और पेड़ों को भारी नुकसान
आंधी और बारिश की वजह से कई इलाकों में मकानों को नुकसान पहुंचा है। तेज हवाओं के कारण बड़ी संख्या में पेड़ और बिजली के खंभे गिर गए, जिससे कई क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति भी प्रभावित हुई है।
आकाशीय बिजली गिरने की घटनाओं ने ग्रामीण इलाकों में सबसे ज्यादा तबाही मचाई है। खेतों में काम कर रहे कई लोग इसकी चपेट में आ गए। वहीं, किसानों की फसलों को भी भारी नुकसान होने की खबर है।
लोगों से सतर्क रहने की अपील
प्रशासन ने लोगों से खराब मौसम को देखते हुए सावधानी बरतने और जरूरत पड़ने पर सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की है। मौसम विभाग की चेतावनी के मद्देनजर जिला प्रशासन को लगातार निगरानी बनाए रखने को कहा गया है।
सरकार का दावा है कि पुनर्वास और राहत कार्यों को युद्धस्तर पर संचालित किया जा रहा है ताकि प्रभावित लोगों तक जल्द से जल्द सहायता पहुंचाई जा सके।
